सिंगरौली के डिस्ट्रिक्ट कलेक्टर जब मास्टर जी बने, ब्लैक बोर्ड पर सपनों की उड़ान के फॉर्मूले लिखे
SINGRAULI NEWS: पूरे राज्य में स्कूल चलें हम कैंपेन (Let’s Go to School Campaign) के तहत, जिले में शिक्षा के प्रति जागरूकता जगाने (To raise awareness about education) के लिए एडमिनिस्ट्रेटिव स्टाफ (Administrative Staff) पूरी तरह एक्टिव है। इसी सिलसिले में कलेक्टर (The Collector in this regard) गौरव बनल मोटिवेशनल अंदाज (Motivational Style) में दिखे।
गवर्नमेंट हायर गर्ल्स सेकेंडरी स्कूल बैढन में हुए भविष्य से भेट प्रोग्राम (Meeting the Future Program) के दौरान कलेक्टर ने न सिर्फ बच्चों का हौसला (Courage) बढ़ाया, बल्कि हाथ में स्क्वायर लेकर टीचर की तरह क्लास भी ली। कलेक्टर जब क्लासरूम (When the Collector Enters the Classroom) में पहुंचे, तो उन्होंने स्टूडेंट्स से सीधे (Directly from Students) बातचीत की। उन्होंने ब्लैकबोर्ड (Blackboard) पर बच्चों को अलग-अलग सब्जेक्ट्स की बारीकियां (The Nuances of Subjects) समझाईं और उन्हें बोझ समझने के बजाय इंटरेस्ट के साथ पढ़ने की सलाह दी। उन्होंने स्टूडेंट्स के ब्राइट फ्यूचर (A Bright Future for Students) की कामना की और कहा कि स्टूडेंट्स अपनी पसंद के सब्जेक्ट्स चुनें (Select Subjects) और मेहनत से ऊंचाइयों तक पहुंचें। कलेक्टर ने आखिर में बच्चों का हौसला बढ़ाया और कहा कि आप उन्हें स्कूल सिस्टम में सुधार के लिए प्रिंसिपल के जरिए जानकारी दे सकते हैं। इस मौके पर DEO एसबी सिंह, DPC आरएल शुक्ला, स्कूल के प्रिंसिपल मौजूद थे। स्टूडेंट्स ने कलेक्टर से बातचीत की
इस दौरान स्टूडेंट्स ने कलेक्टर से बातचीत (Students Interact with the Collector) की कि एडमिनिस्ट्रेटिव ऑफिसर (Administrative Officer) कैसे बनें और कलेक्टर बनने के लिए आपने कितनी मेहनत की। जहां कलेक्टर ने बच्चों की हिम्मत बढ़ाते (Administrative Officer) हुए कहा कि कलेक्टर बनने के लिए आपको सबसे पहले अपनी ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी लगन और मेहनत से पूरी करनी होगी। उसके बाद आप सभी UPSC और दूसरे कॉम्पिटिटिव एग्जाम (Competitive Exam) पास करके एडमिनिस्ट्रेटिव ऑफिसर (Administrative Officer) बन सकते हैं। लेकिन इसके लिए आपको एक गोल सेट करना होगा। आप सभी के लिए CSR फंड से कोचिंग क्लास भी चलाई जा रही हैं। कृपया पूरी लगन के साथ रेगुलर कोचिंग क्लास अटेंड (Attend regular coaching classes.) करें ताकि आप IIT और NEET जैसे कॉम्पिटिशन (Competition) के लिए पूरी तरह से तैयार हो सकें।







